Friends · Hindi

The Dark Knight -Chapter 2

In Progress | Part 1 of 1 | 0 Likes

फिर पिहू के जाने के बाद, मानव पूरा दिन साड़ी में ही रहा और घर के काम करता रहा। रिया उसका वीडियो बना रही थी। लेकिन साड़ी में मानव बिल्कुल कम्फर्टेबल था, पता नहीं क्यों। उसे थोड़ी भी झिझक नहीं हुई। मेकअप और ज्वेलरी पहनने के बाद भी वह बड़े आराम से काम करता रहा। फिर उसने रिया के लिए डिनर बनाया। रिया ने भी उसे टेस्ट किया और वह बोल पड़ी, "ये सूपरब है! तुमने खाना बनाना कब सीखा और कैसे?" मानव बोला, "मैं अकेला रहता था तो मुझे सब आता है।" फिर रिया उसे टोकते हुए बोली, "रहता था नहीं, रहती थी बोलो। अब तुम एक लड़की हो।" मानव भी मुस्कुराते हुए बोला, "हाँ, सॉरी। 'रहती थी'। अब खुश?" और फिर दोनों ने डिनर किया। मानव ने बर्तन धोए और बर्तन धोते समय उसकी साड़ी गीली हो गई थी तो रिया बोली, "एक काम करो, तुम साड़ी उतार दो और ये मैक्सी पहन लो।"

मानव बोला, "अभी इसकी क्या ज़रूरत है? वैसे भी अब मैं बरमूडा और टी-शर्ट पहनने वाला हूँ।" रिया बोली, "शhh... और तुम नहीं, आज के दिन ऐसे मर्दों की तरह बात करना बंद करो। आज तुम एक औरत हो, मेरी जान। तो ज़रा औरतों की तरह बात करो, ओके?" मानव बोला, "ठीक है जी, जैसा आप कहें।" और दोनों हंसने लगे। और मानव चेंज करने के लिए गया और साथ में रिया भी आने लगी तो मानव बोला, "तुम यही रुको, मैं चेंज करके आती हूँ।" रिया बोली, "अरे मेरी शर्मीली बीवी! हम शादीशुदा हैं, मेरे सामने कैसी शर्म?" फिर रिया भी उसके साथ रूम में गई। मानव ने पहले साड़ी उतारी और फिर ब्लाउज और पेटीकोट। रिया ने कहा, "ब्रा भी उतार दो। औरतें रात में ब्रा नहीं पहनतीं।" मानव ने भी ठीक ऐसा ही किया और फिर मानव नाइटी पहनकर सो गया। ये सब बात रिया ने पिहू को बताई। पिहू भी हंसने लगी और कहने लगी, "किस नामर्द से तेरी शादी करा दी यार, तेरे घरवालों ने?" रिया भी अपने घरवालों पे गुस्सा थी, लेकिन उसने बोला, "इस नामर्द का एक ही फायदा है कि इसके नाम पे बहुत सारी प्रॉपर्टीज हैं। साला अमीर हिजड़ा!" और हंसने लगी। और पिहू ने एक नया प्लान तैयार रखा था।

अब कुछ एक महीने तक नॉर्मल रहा सब कुछ। फिर एक दिन रविवार को रिया बाहर गई थी और तभी पिहू उसके घर में आई और बोली, "नमस्ते भाभी, आप कैसे?" और रिया कहाँ है? मानव बोला, "आज मैं साड़ी में नहीं हूँ तो भाभी नहीं, जीजू बोलो।" और एक अवॉर्ड स्माइल दे दी। पिहू कहती है, "हाँ, मुझे पता है आज आप साड़ी में नहीं हो। लेकिन आपको देखकर कोन कहेगा कि आप मर्द हो? देखो, आप अपने आप को ज़रा कमज़ोर, दुबले-पतले, चिकने शरीर, सेक्सी कमर को कहेगा कि आप मर्द हो?" और हंसने लगी। मानव बहुत गुस्सा हो गया उसकी बात से और वह चिल्लाने वाला था, तभी पिहू ने कहा, "सॉरी जीजू, आपके साथ मज़ाक नहीं करूंगी तो किसके साथ करूंगी?" मानव मान गया और वही सोफे पे बैठकर बोला, "रिया बाहर गई है, जब वो आएगी, मैं उसे कह दूंगा कि तुम आई थी। ठीक है, अभी तुम जाओ।" पिहू बोली, "ठीक है, लेकिन मैं आपकी मेहमान हूँ, मुझे चाय भी नहीं पिलाओगे?" मानव बोला, "ठीक है, तुम बैठो, मैं अभी बनाकर लाता हूँ।" फिर वह चाय बनाने चला गया। लेकिन तभी वह बोली, "आप तो मर्द हैं, औरतों के काम कैसे करोगे?" मानव बोला, "औरत और मर्द दोनों एक बराबर ही हैं। और वैसे भी चाय ही बनानी है, इसमें कैसी शर्म?" फिर पिहू ने कहा, "अच्छा। और आपने उस दिन रिया की चूड़ियाँ पहनी थीं ना? आप दोनों का साइज सामान है?" मानव बोला, "हाँ, मैंने उसी की साड़ी, ब्लाउज, ब्रा, पैंटी भी पहनी थी।" "ओहhh, मतलब आप तो पूरी लड़की जैसे हो!" और मानव के गले लग गई, जैसे लड़कियाँ लगती हैं। तब मानव ने कहा, "ये क्या कर रही हो?" पिहू ने कहा, "मैं तो अपनी सहेली को गले लगा रही हूँ।" मानव ने कहा, "ठीक है।"

अब दोनों किचन में गए और तभी पिहू ने कहा, "हम एक गेम खेलते हैं। और जो भी उस गेम में हारेगा, उसे सामने वाले की हर बात माननी पड़ेगी।" मानव मान गया। तो दोनों ने स्टैच्यू-स्टैच्यू खेला। मानव हार गया था उसमें तो पिहू बोली कि आज मैं अपनी सहेली को सजाऊंगी। मानव बोला, "मतलब?" पिहू बोली, "मतलब ये कि आज आपको वापस मेरी भाभी बनना पड़ेगा।" मानव ने मना किया। पिहू ने कहा, "थोड़ी देर के लिए बस।" फिर मानव मान गया। लेकिन पिहू ने शर्त ये रखी कि सिर्फ मैं ही आपको सजाऊंगी, और कोई नहीं, आप भी नहीं। फिर दोनों बेडरूम में गए और पिहू ने मानव की शर्ट निकाली और देखा कि चेस्ट पे कोई बाल नहीं है, न ही हाथ पे, न ही लेग और फेस पे। पिहू बोली, "हाय मेरी चिकनी! क्या मस्त बदन पाया है! हज़ार लड़के दीवाने होंगे इसके तो!" फिर मानव थोड़ा शर्मा गया। और फिर पिहू उसकी पैंट निकालने गई तो मानव ने उसे टोका और कहा, "ये क्या कर रही हो?" पिहू ने उसे एक और बार शर्त याद दिलाई और मानव चुप हो गया। और उसने पैंट निकाली, फिर इनरवेयर। और देखा, सिर्फ 2 इंच का पेनिस था उसका। और वह ज़ोर से हंसने लगी, "ये क्या है? इतना छोटा? और आप अपने आप को मर्द बोलते हो? इससे अच्छा तो आप औरत ही पैदा हुए होते! पता नहीं मेरी दोस्त कैसे जीवन बिता रही है आपके साथ!" फिर मानव को थोड़ी शर्मिंदगी महसूस हुई अपने आप पर। आख़िर पिहू सच कह रही थी। और फिर पिहू बोली, "आपको तो मर्द से शादी करनी चाहिए थी। फुकट में मेरी दोस्त रिया की ज़िंदगी खराब की आपने!" और मानव रोने लगा। मानव को रोता देख पिहू ने उसे कहा, "अब कोई बात नहीं। तुम अब हमारी सहेली हो, ठीक है?" फिर उसने मानव को पैंटी पहनाई, ब्रा पहनाई, फिर साड़ी, ब्लाउज और मेकअप कर दिया और बड़े-बड़े झुमके, पायल, नेकलेस और बिंदी लगा दी और विग पहनाई और कहने लगी, "आज से यही तुम्हारा जीवन है, मानवी।" मानव बोलता है, "क्या मतलब तुम्हारा?" वो देखो, फिर रिया रूम में आई और उसने कुछ पेपर्स मानव के पास फेंके।

Congratulations!

You've successfully completed reading all published parts of this story!

Follow the author to be notified when more parts are posted.
134 Views 0 Comments
Disclaimer

CD Stories is a multilingual open platform. Stories published are generated by writers. The platform has not reviewed, modified, or validated contents and holds no liability regarding content quality or copyright infringements.

Discussion (0)

No comments shared yet. Be the first to share your thoughts!
Want to comment? Please Login or Sign Up.
Reading preferences
100%
Home Discover 0 Alerts Writers Login